
विंध्यभूमि सीधी। जिले के बाणसागर बांध का जलस्तर मंगलवार को 340.64 मीटर पहुंच गया, जो बांध की पूर्ण भराव क्षमता 341.64 मीटर से महज एक मीटर कम है। जलाशय में लगातार पानी की आवक को देखते हुए जल संसाधन विभाग ने सोमवार रात करीब 8 बजे बांध के तीन रेडियल गेट 0.50 मीटर तक खोल दिए। इससे सोन नदी में लगभग 304 क्यूमेक्स पानी छोड़ा जा रहा है।
बांध से पानी छोड़े जाने के बाद सीधी जिले में सोन नदी के किनारे बसे करीब 25 गांवों के लिए प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है। इनमें शिकरागंज, बाघड़, अगडाल, भीतरी, सजहा, घुघटा और खेरी सहित अन्य गांव शामिल हैं। प्रशासन ने ग्रामीणों से नदी किनारे और मुहानों से दूर रहने की अपील की है।
जलस्तर बढ़ने पर प्रशासन सतर्क
प्रशासन के अनुसार जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो सकती है। मंगलवार सुबह करीब 9 बजे तक बढ़ता पानी भीतरी गांव तक पहुंचने की सूचना मिली, जिसके बाद नदी किनारे रहने वाले ग्रामीणों को और अधिक सतर्क किया गया। प्रशासन की टीमें नदी तटीय क्षेत्रों में लगातार निगरानी कर रही हैं।

नदी किनारे जाने से बचने की अपील
सीधी कलेक्टर विकास मिश्रा ने लोगों से नदी किनारे जाने से बचने और एक-दूसरे को बढ़ते जलस्तर की जानकारी देने की अपील की है। उन्होंने कहा कि अचानक पानी आने से किसी भी क्षेत्र में जलस्तर तेजी से बढ़ सकता है।
कलेक्टर ने लोगों को नदी किनारे सेल्फी लेने, फोटो खींचने और वीडियो बनाने से भी बचने की सलाह दी है। प्रशासन ने नदी तटीय क्षेत्रों के ग्रामीणों से पूरी सतर्कता बरतने तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल स्थानीय प्रशासन को सूचना देने का आग्रह किया है।
विंध्य भूमि से अपील है कि पाठक प्रशासन की चेतावनी को गंभीरता से लें और नदी एवं जलभराव वाले क्षेत्रों में अनावश्यक रूप से जाने से बचें।





























