धौहनी विधायक कुंवर सिंह टेकाम सहित जनप्रतिनिधि, शिक्षक एवं छात्र-छात्राएं रहे उपस्थित
Kusmi news,कुसमी (सीधी)। वन्दे मातरम् के 150वें वर्ष के अवसर पर विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान के मार्गदर्शन में शुक्रवार, 25 सितंबर 2026 को देशभर में ‘नमामि भारतम्’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसी क्रम में सीधी जिले के कुसमी स्थित सरस्वती शिशु मंदिर परिसर में सामूहिक गायन कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, शिक्षकों, जनप्रतिनिधियों एवं गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता करते हुए राष्ट्रगीत ‘वन्दे मातरम्’ का सामूहिक गायन किया।
Kusmi news,कार्यक्रम में धौहनी विधायक कुंवर सिंह टेकाम, जिला पंचायत सदस्य हीराबाई सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष अखंड प्रताप सिंह, भगवार सरपंच चेतना अनिल सिंह, दसमतिया साहू, थाना प्रभारी अरुणा द्विवेदी, बीआरसीसी अंगिरा द्विवेदी, सांदीपनि विद्यालय के प्राचार्य राजेश पाण्डेय, प्रधानाचार्य मनमोहन उपाध्याय, समिति प्रबंधक संतोष त्रिपाठी, गुरुनानक गुप्ता, सोनू गुप्ता एवं रज्जन गुप्ता सहित अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
Kusmi news,सांदीपनि विद्यालय एवं सरस्वती शिशु मंदिर के छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सामूहिक गायन में सहभागिता की। राष्ट्रगीत के सामूहिक गायन से विद्यालय परिसर देशभक्ति के भाव से गुंजायमान हो उठा।
विधायक ने बताया वन्दे मातरम् का महत्व
Kusmi news,कार्यक्रम को संबोधित करते हुए धौहनी विधायक कुंवर सिंह टेकाम ने कहा कि ‘वन्दे मातरम्’ भारत की स्वतंत्रता, राष्ट्रीय गौरव और मातृभूमि के प्रति समर्पण की भावना का महत्वपूर्ण प्रतीक है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्रगीत के ऐतिहासिक महत्व को समझने तथा देश की एकता एवं अखंडता को बनाए रखने में अपनी भूमिका निभाने का आह्वान किया।
Kusmi news,विधायक ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों में देशभक्ति, राष्ट्रीय चेतना और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने का माध्यम बनते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से देश के गौरवशाली इतिहास से प्रेरणा लेकर राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देने की अपील की।
‘एक स्वर–एक संकल्प–एक भारत’ का संदेश
Kusmi news,‘एक स्वर–एक संकल्प–एक भारत’ की भावना के साथ आयोजित कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों एवं नागरिकों को वन्दे मातरम् की ऐतिहासिक यात्रा, स्वतंत्रता आंदोलन में उसकी भूमिका तथा राष्ट्रीय जीवन में उसके महत्व से परिचित कराना रहा।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी लोगों ने राष्ट्रगीत के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए सामूहिक गायन में सहभागिता की। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगीत के सामूहिक गायन के साथ हुआ।











































